जीवन में कितनी भी कड़वाहट आए,अपने भीतर की मिठास कम नहीं होनी चाहिए – इरा टाक

प्रभा खेतान फाउंडेशन की पहल ‘कलम’ के अंतर्गत जयपुर में आयोजित साहित्यिक संध्या में लेखिका इरा टाक से संवाद